9 गज़ब अलसी के फायदे, नुकसान व उपयोग कैसे करे इन हिंदी

अलसी के फायदे

अलसी (Alsi) के बीज जिसे अंग्रेजी में Flax Seeds कहा जाता है. हमारे स्वास्थ्य को काफी बेहतर बना सकते है अलसी के फायदे, अगर आप इसे सही मात्रा में सेवन करे तो.

किउंकि इसमें अच्छी मात्रा में ओमेगा 3 फेटी एसिड और फाइबर होता है. इसके साथ-साथ और भी कई तत्व इसमें मौजूद होते है.

इस लेख में आपको Alsi की वे सभी जानकारी मिलेगी. जो आप जानना चाहते है जैसे अलसी क्या होती है, इसके प्रकार, अलसी के पोषक तत्व और औषधीय गुण.

Alsi का उपयोग, अलसी कितनी इस्तेमाल करनी चाहिए, बेनिफिट ऑफ अलसी के बीज और अलसी के नुकसान इन हिंदी. और भी कई कुछ.

अलसी क्या होती है? – Alsi ky hoti hai

अलसी के फ़ायदे

यह एक पौधा है जिसमे बीज होते है. जो बाजार में अलग-अलग रूप में बिकता है अलसी का तेल, पॉवर, टेबलेट, कैप्सूल, अलसी के बीज और आटा.

लोग इसका इस्तेमाल अपना स्वास्थ्य बेहतर बनाने के लिए करते है. और कुछ लोग तो कब्ज, हृदय रोग, Sugar, कैंसर, स्किन प्रोब्लेम्स, Bad Cholesterol Problem (LDL) आदि. परेशानियों में राहत पाने के लिए भी सेवन करते है.

अलसी के बीज बाजार में आसानी से मिल जाते है यह पीले और भूरे रंग के होते है.

आयुर्वेद में हजारों साल पहले अलसी के बीजो का उपयोग आयुर्वेदिक दवाई के रूप में किया जाता था.

अगर आपने भी Alsi ke Beej का नाम सुना है. तो उसका कारण एक ही है इसके हेल्थ बेनेफिट्स जो हमारे हेल्थ को बेहतर बना सकते है. Morpheus TV APK

आपने सुना होगा कि आज के टाइम में कुछ लोग इसके लड्डू बनाकर भी खाते है स्वास्थ्य लाभ उठाने के लिए. और कुछ लोग इसे भूनकर भी खाते है.

अलसी के पोषक तत्व और औषधीय गुण – Alsi ke Gun

अलसी के बाज में काफी अच्छी मात्रा में पोषक तत्व देखने को मिलते है.

जब आप इनके बारे में जानना शुरू करेंगे तो, आप सोचते रह जायेंगे की इस छोटे से बीज में क्या-क्या मौजूद है.

अगर हम बात करे. कि 100g Alsi Ke Beej में हमे पोषक तत्व में क्या-क्या मिलता है तो, वो इस प्रकार है.

100g अलसी के बीज :-

  • ऊर्जा: लगभग 534 कैलोरीज
  • पानी
  • प्रोटीन: 18 ग्राम
  • कार्बोहायड्रेट: 29 ग्राम – फाइबर: 27 ग्राम
  • चीनी: 16 ग्राम
  • वसा: 42 ग्राम
  • विटामिन्स और मिनरल्स आदि

प्रोटीन (Protein)

100g अलसी के बीज में 18g प्रोटीन मिलता है. प्रोटीन एमिनो एसिड्स के अणु से मिलकर बना होता है.

प्रोटीन हमारी बॉडी के सही growth के लिए आवश्यक होता है. प्रोटीन बाल, नाखून, मांसपेसियो आदि के लिए आवश्यक होता है.

इसमें Amino acid arginine, aspartic acid और glutamic acid मौजूद है.

कार्बोहाइड्रेट (Carbohydrate or Carbs)

100g Flax Seeds में 29% कार्बोहायड्रेट मौजूद होता है जिसमे से 27% फाइबर होता है.

Alsi को कम कार्बोहाइड्रेट वाले भोजन के नाम से भी जाना जाता है.

फाइबर (Fiber)

अलसी एक अच्छा स्रोत है फाइबर का. Fiber अलसी के बीज के छिक्कल में पाया जाता है जो अलसी के बीज को अन्दर के पोषक तत्वों को कवर करके रखता है.

फाइबर से हमारी बॉडी में कई फायदे मिलते है. फाइबर हमारी पाचन क्रिया को सुधारता है.

Lignans एक प्रकार का एंटीऑक्सीडेंट होती है फाइबर में और अन्य फूड्स में पाया जाता है.

यह शरीर में हो रही oxidative stress को कम करने में मदद करता है. इसके और भी कई फायदे होते है.

वसा Omega 3 फैटी एसिड

Alsi, पौधों की श्रेणी यह एक मात्र पौधा है जिसमे सबसे ज्यादा मात्रा में ओमेगा 3 मिलता है. किउंकि अधिक Omega 3 मछलियों में मिलता है.

अलसी के बीज में काफी अच्छी मात्रा में मोजूद है omega 3 alpha linoenic acid (ALA) की रूप में.

जिसे लेने के बाद हमारी बॉडी EPA और DHA में परिवर्तित कर देती है.

ओमेगा 3 फैटी एसिड हमारी बॉडी में मौजूद Bad Chalestrole (LDL) लेवल को घटाता है. और फिर कोलेस्ट्रोल जैसी प्रॉब्लम से बचाता है.

ओमेगा 3 जोड़ो से सम्बंधित परेशानी जैसे arthritic में भी काफी आराम देता है. और दिमाग के फंक्शन के लिए भी जरुरी होता है.

अलसी के बीज में विटामिन्स और मिनरल्स

विटामिन B1

जिसका नाम है Thiamine. यह एक पानी में घुलनशील विटामिन की श्रेणी में आता है. Thiamine दिमाग, पाचन तंत्र, Energy बढाने में, एंटी-एजिंग के लिए आवश्यक है.

यह विटामिन हमारी बॉडी के metabolism और तंत्रिका तंत्र को सुचारू रूप से चलने के लिए एक आवश्यक विटामिन है.

यह एक Anti-Stress विटामिन भी है जो हमारे स्ट्रेस को भी कम करता है. Thaimine हृदये के कार्यो के लिए भी जरुरी होता है.

यह विटामिन बैरी-बैरी जैसी घातक बिमारियों को रोकने में मद्द करता है.

विटामिन बी1 तंत्रिका तंत्र, मस्तिष्क, मांसपेशियों, पेट, हृदय और आंतो में परेशानियों या जटिलताओ को रोकना में सहायता करता है.

आप विटामिन B12 की जानकारी लेने के लिए बाद में इस Article को भी पढ सकते है:- Vitamin B12 की पूरी जानकारी.

कॉपर (Copper)

हमारे शरीर के लिए आवश्यक पोषक तत्व और खनिज प्रदार्थ है जो हमारे शरीर के कई कार्य प्रणाली में काम आता है.

जैसे शरीर की विकास के लिए, आयरन के साथ मिलकर बॉडी में लाल रक्त कोशिका बनाने में. हमारे शरीर की रोगप्रतिरोधक समता को बनाये रखना आदि.

कॉपर एंटीऑक्सीडेंट की तरह भी काम करता है जो free redicals के प्रभाव को कम करने में भी मद्द करता है.

कॉपर बॉडी में हमारे द्वारा भोजन से लिए गए आयरन को सोखने में मद्द करता है. और सुगर को एनर्जी में भी बदलता है.

मैगनीशियम (Magnesium)

इस खनिज पदार्थ के हमारे शरीर में कई कार्य होते है. यह एक आवश्यक मिनरल है.

कैल्सियम के साथ साथ यह मिनरल भीहमारीहड्डियों के स्वास्थ्य के लिए आवश्यक है. यह हमारी बॉडी की muscles को बनाये रखने के लिए भी जरुरी है.

कुछ रिसर्च से यह भी पता चला है, कि मैगनीशियम हार्ट की हेल्थ के लिए भी एक आवश्यक रोल निभाता है. जिससे हमारा दिल हेल्थी रह पता है.

मधुमेह टाइप 2 में भी मैगनीशियम की ज्यादा मात्रा लेने से इसमें फायदे होता है. किउंकि यह ग्लूकोस को नियंत्रित करने लगता है.

परन्तु आप मैगनीशियम की ज्यादा मात्रा लेने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरुर ले.

फास्फोरस (Phosphorus)

यह हमारी शरीर में कई महेत्वपूर्ण रोले निभाता है. हमारी शरीर के विकास के लिए आवश्यक होता है.

कोशिकायो और ऊत्तको का विकास, मरम्मत करने और मेन्टेन करने के लिए जरूरी होता है. यह शरीर में ऊर्जा रखने और उपयोग करने में सहायता करता है.

हमारे दांतों को मजबूती प्रदान करता है और किडनी में मौजूद गंदिगी को साफ़ करता है. समान्निये दिल की धडकनों को बार्कर रखता है.

हड्डियों को हेल्थी बनाता है और यह शरीर की मदद करता है प्रोटीन बनाने में, शरीर के विकास के लिए.

सेलेनियम (Selenium)

सेलेनियम की बात करें. तो, इसके काफी ज्यादा हेल्थ बेनेफिट्स देखने को मिलते है.

यह हमारी बॉडी के immune system को बूस्ट करता है ताकि आने वाले टाइम में हम विभिन्न बीमारियों से लड़ सके.

फ्री रेडिकल्स की प्रभाव को कम करता है जिससे यह पता चलता है की यह एक एंटीऑक्सीडेंट के रूप में काम करता है. Oxidative Stress को कम करता है.

Anti-aging के रूप में काम करके Selenium स्किन के कोलेजन को बरक़रार रखता है जिससे स्किन लम्बे टाइम तक जवान रहती है.

UVC किरणों से भी बचाता है.

जिसके नए बाल नहीं आते उसके लिए सेलेनियम काफी कारगर साबित हो सकता है. अगर इसे सही मात्रा में लिया जाए तो.

रिसर्च में यह पता चला है. कि थाइरोइड, टाइप 2 मधुमेह, अस्थमा और कैंसर जैसी परेशानियों में आराम के लिए में काफी कारगर साबित हुई है.

बाकी अगर आपको कोई परेशानी है तो डॉक्टर के सलाह जरुर ले इसे इस्तेमाल करने से पहले.

मोलिब्डेनम (Molybdenum)

यह एक आवश्यक मिनरल है जिसकी बॉडी को काफी कम मात्रा में जरूरत होती है. यह बॉडी में उपस्थित एंजाइम को सही से काम करने में मद्द करता है.

Molybdenum मुख्येतर बीजों, अनाज, दलों, नट्स, मटर, दूध और पत्तेदार सब्जियों आदि मे पाया जाता है.

यह बॉडी में कैंसर को बढाने वाले एजेंट्स को रोककर कैंसर से बचाव कर सकता है.

शरीर में कुछ एमिनो एसिड को तोड़कर उर्जा उत्पादन में मद्द करता है. शरीर से गन्दगी निकलने और कोशिकायो की सुरक्षा आदि काम करता है.

इसके साथ-2 अलसी के बीज में विटामिन B6, विटामिन B9/Floate, Manganese, आयरन, कैल्सियम, जिंक और पोटेशियम होता है.

9 गजब, अलसी के फायदे – Alsi ke fayde in Hindi

इसमें कोई दो राय नहीं है कि अलसी एक भरपूर रूप है कई पोषक तत्वों का.

अलसी के नाम के उठने के पीछे भी यही कारण है. जैसा की अपने ऊपर पढ़ा अलसी में कितने प्रकार के पोषण तत्व होता है. और आयुवेद में इसे दवा के रूप में भी इस्तमाल किया जाता था.

तो आगे हम पढने जा रहे है अलसी के फायदे में कुछ अलग-अलग स्वास्थ्य फायदो के बारे में.

1. अलसी के फायदे बालो के लिए – Alsi ke fayde Baalo ke liye

अलसी के फायदे

इसमें विटामिन ई, ओमेगा 3, फाइबर और प्रोटीन होने के कारण यह हमारे बालो के स्वास्थ्य के लिए काफी एहम भूमिका निभाता है.

विटामिन E एक Antioxidant के रूप में काम करता है. खोपड़ी और बालों में हो रहे फ्री radicals के प्रभाव को रोककर इन्हें ख़राब होने से बचाता है. और बालों की ग्रोथ में मदद करते है.

अगर कोई सर पर नए बाल ना निकलने से परेशान है. तो, वह इसके अलसी के तेल का उपयोग करना शुरू कर सकते है.

इसमें मोजूद Omega 3 fatty acid alpha linolenic acid (ALA) नए बालो को उगाने और रोके हुए बालों को पोषण देता है. जिसके कारण वे फिर से बढ़ने लगते है. प्रोटीन भी बालो की ग्रोथ के लिए जरुरी है.

इसमें फाइबर और प्रोटीन होने के कारण ये बालों के लचीलेपन को बनाकर रखता है.

बालो में फायदे के लिए आप अलसी के बीज और अलसी के पाउडर को छोडकर अलसी के तेल का इस्तेमाल करे. या फिर इसका जेल घर पर बनाये.

अलसी का तेल इस्तेमाल करने का तरीका

  • चाहे आप पुरुष हो या महिला अपनी जरूरत के हिसाब से एक कटोरी में हल्का गुनगुना अलसी का तेल लीजिये.
  • फिर अपनी उंगलियों के सहारे बालों की जड़ो में इसे लगाए और अच्छे से मालिश करे.
  • 15-20 मिनट तक इसे ही रहने दे. फिर बाद में शैम्पू से धो ले.
  • आप इसे हफ्ते में 2-3 कर सकते है.

2. पाचन तंत्र में अलसी के फायदे – Pet ke liye Alsi ke fayde

अलसी के फ़ायदे

अलसी में घुलनशील फाइबर और अघुलनशील फाइबर दोनों मौजूद होते है.

घुलनशील फाइबर हमारे शरीर से मल को नरम बनाने और आसानी से बहार निकलने में मदद करता है. जिससे हमारा पेट भी अच्छे तरह से साफ़ हो पता है.

अधिक मात्रा में फाइबर होने के कारण यह हमारे पाचन तंत्र की प्रक्रिया को सुधरता है.

इसमें अघुलनशील फाइबर के कारण यह कब्ज को भी दूर करता है.

अलसी लेने के बाद इसका अघुलनशील फाइबर हमारे आंतो के रास्ते में रहता है.

और अधिक पानी पीने के कारण इससे हमारे पेट के कब्ज में आराम मिलता है.

ध्यान रखे, पानी ज्यादा मात्रा में पीना है.

अपनी कब्ज जैसी परेशानी से निपटने के लिए आप एक चम्मच अलसी के पाउडर गुनगुने पानी के साथ ले सकते है. इससे आपको काफी आराम मिलेगा.

3. वजन घटाने में अलसी के फायदे – Alsi ke fayde for Weight Loss

अलसी के फ़ायदे

जैसा की आप जानते है कि Flax Seeds एक कम कैलोरीज वाले फ़ूड में भी गिना जाता है. जिससे वेट बढने की संभावना कम होती है और हमें Weight Management में मदद मिलती है.

अलसी में मौजूद घुलनशील फाइबर हमें भूख नहीं लगने देता है और पेट भरा हुआ लगता है.

अगर हम अलसी को खाते है किसी भी नास्ते में मिलकर तो, यह हमारे पेट को भरा रखता है.

जिसके कारण भूख कम लगती है और बढता हुए वजन भी रुख जाता है जिससे Weight Loss में सहायता मिलती है.

दिन में एक बार 1 चम्मच अलसी के बीज का पॉवर किसी हेल्थी केले के शेक में. या फिर दही के साथ भी खा सकते है. गुनगुने एक पानी के साथ भी ले सकते है.

इसे भी पढ़ें :- 11+ बढ़ा हुआ पेट कम करने के उपाय

4. महिलायों के लिए अलसी के फायदे – Mahilao ke liye Alsi ke fayde

Alsi ke fayde in Hindi
Balance Female Harmon

इसमें मोजूद Lignans, विटामिन B6 और मैंगनीज महिलायो में हो रहे हार्मोनल dis-balance को Balance करने के काम करता है.

महिलायों में ब्रैस्ट और प्रोस्टेट कैंसर होने के जोखिम के प्रतिशत को कम करता है.

पीरियड्स के टाइम पर होने वाली ऐंठन से आराम देने में फायदेमंद है. मैंगनीज पीरियड्स में काफी अच्छा रोल निभाता है.

अगर किसी को Fertility की प्रॉब्लम है तो, अलसी उसमे भी फायदेमंद होती है.

PCOS, PCOD और मीनोपॉज जैसे हार्मोनल परेशानी में अच्छी तरह काम करता है.

Lignans में प्राकर्तिक “Phytoestrogens” होता है. यह महिला में मौजूद एस्ट्रोजन हार्मोने की तरह काम करता है. जोकि इसे अच्छा एस्ट्रोजन माना जाता है.

यह दोनों तरीके से काम करता है अगर किसी महिला में एस्ट्रोजन हर्मोने की कमी है तो, उसे बढाता है. और अगर किसी में एस्ट्रोजन बढ़ा होता है तो, उसे बैलेंस करता है.

इसका फायदे से हो रही परेशानी से निजात मिलता है और आने वाली परेशानी से सुरक्षा होती है.

महिलाए Flax Seeds को अपने नास्ते में शामिल करें.

हार्मोनल प्रॉब्लम में फायदे लेने के लिए महिलाएं एक चम्मच अलसी की पॉवर का अपने नास्ते में मिलकर ले सकती है.

5. कोलेस्ट्रोल में अलसी के फायदे – Cholesterol me Alsi ke fayde

Alsi ke fayde in Hindi

इसमें मौजूद है High Omega 3 Fatty Acid, alpha linolenic acid (ALA). जिसको लेने के बाद हमारी बॉडी इसे EPA और DHA में बदल देता है.

वैसे तो ओमेगा 3 आसानी से साकाहारी भोजन में नहीं मिलता. परन्तु, यह एक अच्छा स्त्रोत है ओमेगा 3 का. अगर आप साकाहारी है तो आपके लिए एक ख़ुशी की बात है.

माना जाता है कि ALA बॉडी में Bad Cholesterol (LDL) के लेवल को कम करता है. जिससे हार्ट प्रॉब्लम होने के बचाव मिलता है. और हार्ट अटैक होने की सम्भावन को कम करता है.

नसों में खून के बहाव को सही रखता है और शरीर की हर प्रकार की जलन को भी ठीक करता है. और जोड़ो की परेशानी में भी काफी आराम देता है.

आप जान ही चुके है कि अलसी में Lignans होता है जो एक पावरफुल Antioxidant होता है. यह भी दिल सम्बंधित बिमारियों को रोकने में मादा करता है.

घुलनशील फाइबर हमारे आंतो में मौजूद फालतू के कोलेस्ट्रॉल को अपने साथ मिलकर शरीर से बहार निकलता है. जिससे होने वाले परेशनियो से छुटकारा मिलते है.

कुछ रिसर्च यह भी बताती है कि जिस लोगो ने alpha linolenic acid का सही से सेवन किया. वे ज्यादा सुरक्षित थे दिल की बिमारियों से.

मुकाबले उनके जो कम मात्र में alpha linolenic acid का सेवन करते थे. इसमें विटामिन B6 भी होता है जो हमारे हार्ट की लिए अच्छा होता है.

6. कैंसर में अलसी के फायदे – Cancer me Alsi ke fayde

Alsi ke fayde in Hindi

कई रिसर्च से यह प्रमाणित हुआ है. कि अलसी में मोजूद पोषक तत्व काफी हद तक कैंसर के जोखिम के स्तर को कम करने में मदद करते है.

Liganin एक पावरफुल एंटीओक्सिडेंट और इसमें काफी बेहतरीन पोषण तत्व भी होते है. जो बॉडी में फ्री-रेडिकल्स के प्रभाव को कम करते है.

ओमेगा 3 फेटी एसिड कैंसर कोशिकायों को शरीर में बढने से रोकता है. Liganin में एस्ट्रोजन के भी गुण होते है जो महिलायों के लिए फायदेमंद होता है

एंटीओक्सिडेंट और एस्ट्रोजन दोनों गुण होने के कारण यह बॉडी में Cancer के जोखिम को कम करने में सहायता करता है.

कुछ Study यह भी बताती है कि जो महिला नियमित रूप से और सही मात्रा में अलसी का सेवन करती है इसमें Breast Cancer और Prostate Cancer का होने का जोखिम कम हो जाता है.

6000 महिलायों के रिसर्च में यह पाया गया. कि जिन महिलायो ने नियमित रूप से अलसी का सेवन किया. उनमे स्तन कैंसर होने संभावना की 18% कम आंकी गई.

अलसी के फायदे को आंकने के लिए एक अध्ययन किया गया, जिसमे 15 पुरुषो को शामिल किया गया. और कम वासा वाले भोजन का पालन करने के साथ प्रतिदिन 30g अलसी दी. कुछ महीनो के बाद जांचा गया कि उनमे प्रोस्टेट कैंसर की जोखिम में कमी दिखी गई. Source

7. Skin और हड्डियों के लिए फायदेमंद – Alsi ke fayde skin ke liye

Alsi ke fayde in Hindi

Flax seeds हमारे बाल, Skin, और हड्डियों को हेल्थी रखने में काफी मददगार है.

इसमें मौजूद प्रोटीन हमारे बालों और नाखूनों के ग्रोथ के लिए आवश्यक होता है.

इसमें एंटीओक्सिडेंट होने का कारण यह हमारे बाल, खपड़ी और Skin को Free Redicals के प्रभाव से बचाता है.

Alsi का उपयोग स्किन प्रोब्लेम्स सोरायसिस और फोड़े-फूंकी के लिए भी जाता है.

Omega 3 हमारी बाल, Skin, हड्डियों के joint में और भी कई बॉडी फंक्शन में एक मेहेत्व्पूर्ण भूमिका निभाता है.

अगर किसी को भी Arthritis या Osteoporosis की प्रॉब्लम है तो वह अपने दिनचर्य में अलसी को जरुर शामिल करें.

8. सूजन, सुगर और BP में अलसी के फायदे – Sugar me Alsi ke fayde

Alsi ke fayde in Hindi

अलसी में प्रचूर मात्रा में है Liganin और ओमेगा 3 ALA, जो शरीर में किसी भी प्रकार की हो रही सूजन को कम कर सकने में फायदेमंद होते है.

Liganin टाइप 2 Sugar की परेशानी झेल रहे लोगो के लिए भी sugar level को सुधरता है.

Type 2 Diabetes वे Diabetes होती है जिसमे शुरुआती उम्र में कोई परेशानी नहीं होती. परन्तु, उम्र ढलते ही लोगो में सुगर की प्रॉब्लम देखी जाती है. जिसमे लोगो के शरीर में सुगर का लेवल असमानिये रहता है. Insulin सही मात्रा में नहीं बनाता.

यह भी सिद्ध हो चूका है कि अलसी के बीज का सेवन करने से Blood Pressure को भी कम करता है. अलसी BP High वाले लोगो के लिए एक अच्छा प्राकर्तिक स्त्रोत है. फायदा उठाने के लिए.  

9. खाली पेट अलसी खाने के फायदे – Khali pet Alsi khane ke fayde

खाली पेट अलसी खाने के कई फायदे हो सकते है. जैसे अगर किसी का वजन ज्यादा बढ़ा हुआ है तो, सुबह खाली पेट Flaxseeds लेने से वजन कम करने में मदद कर सकता है.

अगर किस का पेट सुबह अच्छी तरह से साफ़ नहीं होता तो, खाली पेट 1 चम्मच अलसी का पाउडर ले सकते है. काफी आराम मिलेगा परन्तु, पानी ज्यादा पीना है.

और आपको खाली पेट अलसी खाने के फायदे वे सब मिल सकते है जो आपने ऊपर पढ़े थे.

भुनी हुई अलसी खाने के फायदे – Bhuni Alsi ke fayde

Bhuni Hui Alsi ke fayde

भुनी अलसी खाने के फायदे की बात करें. तो, इसके वे सब फायदे है जो अपने ऊपर पढ़े है. लोग अलसी को भूनकर इसलिए खाते है ताकि उसे आसानी से खाया जा सके.

अलसी की बीज का कवर काफी मजबूत होता है जिसे चबाने के लिए आपको काफी जोर लगाना पड़ता है. इसलिए लोग इसे भूनकर खाना पसंद करता है.

अलसी के बीज को हल्का ही भुने उसे जलाये ना. गैस की हलकी आंच पर इसे गरम करें. बीजों की हिलाते रहे 5-6 मिनट बाद में गैस से उतार लें. अलसी के बीज कम मात्रा में ही लें.

आप अलसी के चबाकर भी खा सकते है या फिर कूटकर इसका पॉवर भी बना सकते है. और बाज़ार में ये पॉवर के रूप में भी मिलती है.

अंकुरित अलसी के फायदे – Ankurit Alsi ke fayde

Ankurit Alsi ke fayde

अलसी अंकुरित होने से यह आसानी पच जानते है. परन्तु, सवाल यह आता है कि लोग अंकुरित अलसी खाना क्यों पसंद करते है.

हर किसी का हर चीज खाने का तरीका अलग अलग होता है. अलसी को अंकुरित करने के बाद यह फायदे होता है कि इस चबाने आसान हो जाता है. और यह सलाद की तरह हरी भरी हो जाती है.

परन्तु, अलसी को अंकुरित होने में एक से दो दिन के आस-पास का टाइम लगता है.

आप अलसी को अंकुरित बनाने के लिए काले चने को अंकुरित बनाए वाली विधि का इस्तेमाल कर सकते है. अलसी भिगोने के बाद चिपचिपी हो जाती है.

तो आपको पानी की मात्रा ज्यादा रखनी है और अलसी के बीज कम मात्रा में लें.

किउंकि ये ख़राब भी बहुत जल्दी होते है. फिर इसे अपनी सलाद में मिलाकर खाए.

एक दिन में कितनी अलसी खानी चाहिए – Alsi kitni khani chahiye

मैं, 1 दिन में कितनी अलसी लूं. यह सवाल हर किस के मन में रहता है.सबसे पहले तो यह निर्भर करता है कि आप Alsi किस रूप में ले रहे है.

जैसे की अलसी का तेल, अलसी का पाउडर या फिर साबुत अलसी.

दिन में 1-2 चम्मच पीसी हुई अलसी लेना सही मानी जाती है. कम से कम 10g इससे आगे तक 30g.

परन्तु, आप 1 छोटे चम्मच पीसी हुई अलसी से शुरुआत कर सकते है. लगभग 5g, फिर इसे आप अपनी आवश्यकता के अनुसार 30g तक ले जा सकते है.

गर्मियों में अलसी का कम सेवन करना चाहिए किउंकि यह गरम होती है. और सर्दियों में इसकी मात्रा बढाई जा सकती है.

अलसी के बीज खाने के तरीका क्या है – Alsi khane ke Tarike

Alsi Ke Fayde

अलसी को खाने और अपने खाने के शामिल करने के कई तरीका है. आपको जो अच्छा लगे उसे इस्तेमाल कर सकते है.

गर्म पानी के साथ: एक बड़ा गिलास गुनगुने पानी में एक छोटा अलसी का पाउडर मिलकर आप ले सकते है. परन्तु मैं आपको बता दूं. इसका स्वाद अच्छा नहीं होता.

दही के साथ: आप अपनी पसन्दीदा दही में अलसी के एक छोटा अलसी का पाउडर मिलकर शुरुआत कर सकते है. इसका स्वाद भी आपको अच्छा लगेगा.

सलाद बनाकर: Alsi Khane Ke Fayde लेने के लिए आप इसको अपनी सलाद में भी शामिल कर सकते है. इसको आप दो प्रकार से ले सकते है.

अपनी मनपसंद सलाद बनाकर इसमें आप पीसी हुई अलसी का इस्तेमाल करें. या फिर अलसी को अंकुरित करके भी सलाद में मिला सकते है.

Shake में मिलकर: अगर आप सुबह-सुबह केले और दूध या किसी भी प्रकार का Shake बनाकर लेते है. तो, अलसी के पाउडर को मिक्सी में भी डालें.

अलसी का पाउडर आप घर पर भी बना सकते है या फिर दूकान से भी ला सकते है.

रोटी के आटे में: अपने लिए आटा गूंदने से पहले 1 से 2 चम्मच पीसी अलसी मिलाए और अच्छी तरह से आटा गुंदे. ऐसा आप रोजाना करें और पानी सही मात्रा में पिए.

लड्डू में अलसी: काफी लोग अलसी को पीसकर इसे लड्डू बनाने की सामग्री में मिलकर इनको बड़ी चाह से खाते है. जिसे पंजाबी भाषा में पिन्निया कहते है.

अलसी किन-किन को नहीं खाना चाहिए – Alsi koon koon na khaye

Alsi ke fayde Hindi me तो आप ऊपर पढ़ ही चुके है. परन्तु, आपको एक बात ध्यान में रखनी होगी या फिर आपको पता भी होगा. कि किसी भी चीज का आवश्यकता से ज्यादा इस्तेमाल करना हमारी सेहत की लिए बूरा भी हो सकता है.

  • गर्वती महिला और स्तनपान करने वाली महिला को अलसी का सेवन नहीं करना चाहिए. या फिर इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरुर लें.
  • अगर जो व्यक्ति खून पतला करने वाली दवा खा रहा है तो, अलसी से परहेज करें. या फिर आप किसी भी प्रकार की दवाई ले रहे है तो, एक डॉक्टर की सलाह जरुर लें
  • अगर आपको जल्दी एलर्जी हो जाती है तो बहुत कम मात्रा में अलसी से शुरुआत करें. जैसे शरीर को सूट करती है उसी हिसाब से यूज़ करें.

निष्कर्ष: निचोढ यह निकलता है कि अलसी एक “छोटा पैकेट बड़ा धमाका” वाला रोल निभाता है. यह पौधों की श्रेणी एक मात्रा ऐसा पौधा है जिसमे ओमेग़ा 3 काफी अच्छी मात्रा में मौजूद है.

अलसी के फायदे के लिए अगर अलसी की सही मात्रा में या कम से कम मात्रा में शुरुआत की जाये. और पानी अधिक मात्रा में पियें तो, यह स्वास्थ्य के लिए काफी अच्छा साबित होता है.

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